Sunday, 7 July, 2019
Home / एजुकेशन / जिंदगी में आगे बढ़ने के लिये खुद का ऑडिट करें – डॉ.पाटनी

जिंदगी में आगे बढ़ने के लिये खुद का ऑडिट करें – डॉ.पाटनी

एलन कॅरिअर इंस्टीट्यूट के फैकल्टी गाइडेंस एवं मोटिवेशनल प्रोग्राम ‘मंथन’ में इंटरनेशनल ट्रेनर डॉ.उज्जवल पाटनी ने बताए सक्सेस मंत्र

न्यूजवेव कोटा
‘हम जिंदगी में आगे बढ़ने के लिये रोज रात को सोने से पहले खुद का ऑडिट अवश्य करें। इसमें खुद से दो सवाल करें। आज मैंने ऐसा कौनसा कार्य किया जिसे मुझे नहीं करना चाहिए था और दूसरा, आज मैंने ऐसा कौनसा कार्य किया जिस पर मुझे गर्व करना चाहिए। ऐसा निरंतर करिए, रोज करिए। इससे आपके जीवन में आश्चर्यजनक बदलाव दिखाई देंगे।

यह बात इंटरनेशनल ट्रेनर एवं मोटिवेशनल ऑथर डॉ.उज्जवल पाटनी ने मंगलवार को एलन कॅरिअर इंस्टीट्यूट में फैकल्टी गाइडेंस एवं मोटिवेशनल प्रोग्राम ‘मंथन’ में कही। एलन शिक्षकों से उन्होंने कहा कि एक क्षमतावान शिक्षक पर निर्भर करता है कैसे एक साधारण विद्यार्थी की प्रतिभा को तराशकर उसे असाधारण बनाया जाये।

एक सफल इंसान बनने के लिये डॉ. पाटनी ने कहा कि आपको एक मजबूत विजन और इरादे के साथ आगे बढ़ना होगा। ताकि दुनिया में कहीं भी एजुकेशन की बात हो तो उसमें एलन कॅरिअर इंस्टीट्यूट का नाम अवश्य आये। एक शिक्षक के नाते आपकी असली सफलता यही होगी। याद रखें, केवल शिखर तक पहुंचना काफी नहीं होता। वहां लंबे समय तक बने रहना भी जरूरी है। समारोह में निदेशक गोविन्द माहेश्वरी एवं बृजेश माहेश्वरी ने शॉल एवं स्मृति चिन्ह से डॉ. पाटनी का अभिनंदन किया।

परिस्थितियों से समझौता नहीं करें


डॉ.पाटनी ने कहा कि यदि आप सोचते हैं कि परिस्थितियों अनुकूल हो तो सफतला अवश्य मिलती है, तो आप गलत हैं। सोचिये यदि ऐसा होता तो एक पेट्रोल पंप पर काम करने वाला इंसान विपरीत हालात से निकल कर अंबानी कैसे बनता। इसका मतलब साफ है। यदि हम वर्तमान परिस्थितियों से समझौता कर लेंगे, तो आने वाले सुनहरे कल की उम्मीद करना बेकार हैं। लक्ष्य बडा होगा तो चुनौतियां बौनी हो जाती है।

अपनी जिम्मेदारी को समझें ऑनरशिप 

आप जिस बिजनेस या प्रोफेशन में हैं, सफलता या असफलता की जिम्मेदारी आपकी खुद की है। जब आप जिम्मेदारी को ऑनरशिप समझेंगे तो यकीन मानिए, आप कभी गलती नहीं करेंगे। आप सिर्फ यह सोच रखिए कि यह कार्यक्षेत्र आपका है और इसे शिखर पर ले जाने की जिम्मेदारी आपकी है। प्रगति के रास्ते खुद-ब-खुद खुलते जाएंगे। ईगो रखने से आप खुद को नष्ट कर देंगे। जिस दिन आपके मन में यह विचार आ गया कि मैं सब कुछ जानता हूं, उसी दिन आपके जीवन में सफलता के द्वार बंद हो जाएंगे। खुद पर विश्वास करें और बहाने बनाना छोड़ें।

सक्सेस के लिए चार ‘ए’ अपनाएं

ए- एप्रिशिएट: अपने टीम मेम्बर्स के काम की हमेशा प्रशंसा करें। इससे वे दोगुना एनर्जी से आपके लिए काम करेंगे।
ए- अपोलॉजी: माफ करने की आदत डालें। यदि खुद से भी कोई गलती हुई तो उसे स्वीकार कर माफी मांगे। इससे आपसी संबंध मजबूत बनेंगे।
ए- एक्नॉलेज: दूसरे के काम का क्रेडिट खुद नहीं लें। जो काम जिसने किया है, उसका क्रेडिट उसे दें। इससे माहौल उत्साहित रहेगा।
ए- एडवाइस: ज्यादा सिखाने से बेहतर है, दूसरों से कुछ सीखना। इसलिए हमेशा दूसरों की सलाह को अवश्य सुनिए।

Check Also

कोटा में खोलें नया ‘डाटा साइंस कॉलेज’

मुख्यमंत्री ने राज्य की विभिन्न संस्थाओं व संगठनों के प्रतिनिधियों से किया बजट पूर्व संवाद …

error: Content is protected !!