Tuesday, 12 May, 2026

विद्यार्थी अपनी तैयारी का फ्लो टूटने न दें-नितिन विजय

नीट एग्जाम रद्द होने पर मोशन एजुकेशन के फाउंडर और एजुकेटर नितिन विजय की प्रतिक्रिया

जो कुछ हुआ वह निश्चित रूप से एक अप्रिय घटना है। लाखों छात्रों ने पूरे साल मेहनत की थी और परीक्षा को लेकर उनके मन में सपने और उम्मीदें थीं। ऐसे में परीक्षा स्थगित होना स्वाभाविक रूप से मानसिक दबाव पैदा करता है। खासतौर पर वे विद्यार्थी जिनके मॉक टेस्ट और अनुमानित स्कोर 600 से अधिक आ रहे थेए उन्हें यह निर्णय दुखद लग सकता है। लेकिन अब जो हो चुका है उसे बदला नहीं जा सकता। अच्छी बात यह है कि सरकार ने निर्णय लेने में ज्यादा समय नहीं लगाया और मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी।

एनटीए का नोटिफिकेशन आने के बाद अब छात्रों और अभिभावकों को किसी तरह की अफवाह या भ्रम में पड़ने की जरूरत नहीं है। जिन विद्यार्थियों ने पहले ही नीट.2026 के लिए रजिस्ट्रेशन करवा लिया था उन्हें दोबारा आवेदन करनेए नया फॉर्म भरने या फीस जमा कराने की आवश्यकता नहीं है। उनका रजिस्ट्रेशन स्वतः मान्य रहेगा। परीक्षा की नई तारीख और एडमिट कार्ड से जुड़ी जानकारी एनटीए जल्द जारी करेगा।

अपनी ऊर्जा सिर्फ तैयारी पर लगाएं

अभी विद्यार्थियों को अपनी ऊर्जा सिर्फ तैयारी पर लगानी चाहिए। जिन छात्रों का चयन इस बार मुश्किल लग रहा था, उनके लिए यह एक अतिरिक्त अवसर है। वहीं जो विद्यार्थी पहले से अच्छा प्रदर्शन कर रहे थे उन्हें अपनी लय बनाए रखनी चाहिए। छात्र अपनी मानसिक स्थिति मजबूत रखें। तैयारी का फ्लो टूटने न दें। ज्यादा से ज्यादा पिछले वर्षों के प्रश्न हल करेंए नियमित टेस्ट दें और कमजोर टॉपिक्स पर विशेष ध्यान दें। कोचिंग संस्थान भी विद्यार्थियों की तैयारी को लेकर पूरी तरह सक्रिय हैं और नए शेड्यूल के अनुसार रणनीति बनाई जा रही है। जल्द ही विद्यार्थियों को परीक्षा से जुड़े अपडेट मिलने लगेंगे। जहां तक मोशन एजुकेशन का सवाल है हम अपने स्टूडेंट्स से तैयारी करवाने के लिए अतिरिक्त शुल्क नहीं लेंगे।

ऑनलाइन मोड में शिफ्ट हो NEET

Nitin Vijay, Motion Education

नीट दुनिया की सबसे बड़ी प्रवेश परीक्षाओं में से एक है जिसमें 22 लाख से ज्यादा विद्यार्थी शामिल होते हैं। देशभर में पांच हजार से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए जाते हैं। दो लाख से ज्यादा लोग इसकी प्रक्रिया से जुड़े रहते हैं। इतने बड़े स्तर पर परीक्षा आयोजित करने में चुनौतियां स्वाभाविक हैं और इस तरह की घटनाओं की आशंका बनी रहती है। भविष्य में पारदर्शिता और सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए नीट जैसी परीक्षाओं को धीरे.धीरे ऑनलाइन मोड में शिफ्ट करने पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। इससे पेपर सुरक्षाए परीक्षा प्रबंधन और निगरानी व्यवस्था अधिक मजबूत हो सकेगी।

-नितिन विजय, फाउंडर, मोशन एजुकेशन, कोटा

स्टूडेंट्स की प्रतिक्रिया

मुझे सफलता की उम्मीद थी

मेरे पिता ऑटो चलाते हैं। वे मुझे डॉक्टर बनते हुए देखना चाहते हैं। हम सारा दिन पढ़ाई में लगे रहते थे। पढ़ाई के लिए अपने परिवार के फंक्शन तक छोड़ दिए। प्रोविजनल आंसर की में मुझे सफलता की उम्मीद दिख रही थी। मेरे 500 से ऊपर नंबर आ रहे थे। पूरी उम्मीद थी कि मुझे बीडीएस कॉलेज मिल जाएगाए लेकिन नीट का पेपर ही रद्द हो गया है।
-अली अरमान, स्टूडेंट

पूरी मेहनत खराब हो गई
नीट का पेपर रद्द होना उन स्टूडेंट्स के लिए बड़ा झटका है जो इमानदारी से पढ़कर नीट में अच्छे नम्बर लाए थे। उनका घाटा हुआ है। हम तीन.चार साल मेहनत करके एग्जाम देते हैं। कुछ लोगों की वजह से पूरी मेहनत खराब हो जाती है। पेपर पहले ही टफ था, पेपर लीक की सूचनाओं के बाद स्टूडेंट्स घबराए हुए थे। अब एक बार फिर से पेपर लीक होने से पूरी मेहनत खराब हो गई।
दिवांशु अग्रहरे, स्टूडेंट

बच्चों के साथ नाइंसाफी
नीट की परीक्षा रद्द नहीं होनी चाहिए थी। हम कोचिंग करते हैं, मेहनत करते हैं लेकिन पेपर लीक हो जाता है। हमारा भविष्य ही बर्बाद हो जाता है। कंपटिशन इतना है कि मेहनत भी बहुत लगती है। सीटें भी बहुत कम होती है। पेपर लीक होना बच्चों के साथ नाइंसाफी है।
-सुधांशु, स्टूडेंट

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