Sunday, 3 May, 2026

गत तीन वर्षों में दोगुना हुए भारतीय वैज्ञानिक पेटेंट

न्यूजवेव @ नई दिल्ली
विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत तीन विभाग – विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (DTS), जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT) और वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान विभाग (DSIR) वैज्ञानिक अनुसंधान के विभिन्न क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं। इन तीनों विभागों ने अपने द्वारा समर्थित वैज्ञानिक अनुसंधान कार्यों, शोध प्रकाशनों, प्रौद्योगिकी विकासय और देश के समग्रविकास में योगदान देने वाले नवाचारों के माध्यम से महत्वपूर्ण वैज्ञानिक ज्ञान अर्जित किया है। इसका अंदाजा भारतीय पेटेंट कार्यालय (IPO) द्वारा भारतीय वैज्ञानिकों को मिलने वाले पेटेंट से लगाया जा सकता है।


भारतीय पेटेंट कार्यालय (IPO) ने भारतीय वैज्ञानिकों को गत तीन वर्षों में पहले से दोगुने पेटेंट आवंटित किए हैं। वर्ष 2018-19 में भारतीय वैज्ञानिकों को 2511 पेटेंट मिले, 2019-20 में इनकी संख्या बढ़कर 4003 और वर्ष 2020-21 में 5629 हो गई है।
केंद्रीय विज्ञान प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) पृथ्वी विज्ञान एवं प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह ने राज्यसभा में यह जानकारी दी। विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ती पेटेंट संख्या भारत में वैज्ञानिक शोध एवं नवाचार का एक संकेत है।
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि भारत की ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स (GII) रैंकिंग में काफी सुधार हुआ है। जीआईआई इंडेक्स-2021 में भारत की रैंकिंग सुधरकर 46वें स्थान आ गई है। NSF – विज्ञान और इंजीनियरिंग संकेतक-2022 रिपोर्ट के अनुसार, वैज्ञानिक प्रकाशनों में भारत अब तीसरे स्थान पर आ गया है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2020 में भारत का स्कॉलर आउटपुट बढ़कर 1,49,213 शोधपत्रों तक पहुँच गया है।
डॉ सिंह ने बताया कि सरकार देश में शिक्षा और वैज्ञानिक अनुसंधान को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। वर्ष 2021-22 में विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा 13,499 करोड़ रुपये आवंटित किए गए, वर्ष 2021-22 में डीएसटी को 5,240 करोड़ रुपये, CSIR सहित DSIR को करीब 5,298 करोड़ रुपये और DBT को 2,961 करोड़ रुपये आवंटित किए गए। (इंडिया साइंस वायर)

(Visited 307 times, 1 visits today)

Check Also

सेवा कार्य एवं भजन संध्या से मनाया एलन स्थापना दिवस

गौरवशाली 38 वर्ष पूर्ण करने पर सेवा, संस्कार, भक्ति और उल्लास के वातावरण में मनाया …

error: Content is protected !!