Friday, 1 May, 2026

BDS की 10,000 सीटें खाली, प्रवेश के लिए घटाई कटऑफ

न्यूजवेव @ नईदिल्ली
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय एवं डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया ने देश के सरकारी एवं गैर सरकारी डेंटल संस्थानों में रिक्त 10000 बीडीएस सीटों पर दाखिले देने के लिए आवश्यक कटऑफ परसेंटाइल में 10 प्रतिशत कटौती करने की घोषणा की है। स्वास्थ्य मंत्रालय तथा डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया ने 6 सितंबर को संयुक्त निर्णय कर नई कटऑफ से एडमिशन देने के आदेश जारी कर दिए हैं। अब एनटीए द्वारा नीट-2019 का संशोधित रिजल्ट जारी किया जाएगा।
यह है संशोधित कटऑफ
नए निर्देशानुसार सामान्य वर्ग में 40, ओबीसी,एससी एवं एसटी वर्ग में 30 तथा दिव्यांग वर्ग में 35 परसेंटाइल अंकों को कटऑफ परसेंटाइल घोषित किया गया है।
एक्सपर्ट देव शर्मा ने बताया कि संशोधित मेरिट सूची से देश के सभी सरकारी एवं गैर सरकारी डेंटल संस्थानों की रिक्त बीडीएस सीटों पर प्रवेश दिए जाएंगे। वर्ष 2019-20 में बीडीएस की सीटें 26,949 थी, जिसमे से मात्र 16579 सीटें आवंटित की गई। गत वर्ष 2018-19 में भी 450 बीडीएस सीटें खाली रह गई थी।
परीक्षार्थियों में खुशी की लहर

इस वर्ष 5 मई को 14,10,755 परीक्षार्थियों ने नीट परीक्षा दी थी, जिसमें सेे 7,97,042 विद्यार्थियों को काउंसलिंग के लिये क्वालिफाई घोषित किया गया था। अब संशोधित रिजल्ट से 10 हजार वंचित विद्यार्थियों को बीडीएस सीटें आवंटित हो सकेगी।
कटऑफ में भारी कटौती पहली बार
उन्होंने बताया कि देश में 572 डेंटल कॉलेज है जहां एमडीएस एवं बीडीएस सीटों पर प्रवेश दिये जाते है। 2019 में बीडीएस की 26949 सीटें हैं। जिसमे ऑल इंडिया 15 प्रतिशत कोटा तथा 85 प्रतिशत स्टेट कोटा काउंसलिंग के माप-अप राउंड समाप्त होने पर मात्र 16579 सीटों पर दाखिले हो सके, शेष 10000 से ज्यादा बीडीएस सीटें रिक्त रह गई। रिजल्ट के बाद कटऑफ घोषित करने से सही आकलन नही करना दुर्भाग्यपूर्ण रहा। इससे काउंसलिंग के साथ ही डेंटल कॉलेजों ने नए सत्र का शेड्यूल भी प्रभावित होगा।

(Visited 415 times, 1 visits today)

Check Also

सेवा कार्य एवं भजन संध्या से मनाया एलन स्थापना दिवस

गौरवशाली 38 वर्ष पूर्ण करने पर सेवा, संस्कार, भक्ति और उल्लास के वातावरण में मनाया …

error: Content is protected !!